गाड़ियों में अलग अलग रंग की नंबर प्लेट क्यों लगायी जाती हैं?

दोस्तों ! आज हम जानेंगे की गाड़ियों में अलग अलग रंग की नंबर प्लेट क्यों लगायी जाती हैं? उन नंबर प्लेट में कौनसी जानकारी छुपी होती है। गाड़ियों के नंबर प्लेट से जुडी सारी जानकारी आपको मिल जाएगी। तो आइये जानते है की गाड़ियों में अलग अलग रंग की नंबर प्लेट क्यों लगायी जाती हैं?

आज हम जानेंगे –

  • बिना नंबर प्लेट की गाड़ी
  • सफ़ेद रंग की नंबर प्लेट
  • पीले रंग की नंबर प्लेट
  • काले रंग की नंबर प्लेट
  • हरे रंग की नंबर प्लेट
  • नीले रंग की नंबर प्लेट
  • अस्थायी नंबर प्लेट
  • लाल रंग की नंबर प्लेट
  • पीले रंग की नंबर प्लेट
  • नंबर प्लेट में छिपी जानकारी
  • नंबर प्लेट से जुडी अन्य जानकारी
  • गाड़ियों में अलग अलग रंग की नंबर प्लेट क्यों लगायी जाती हैं?

बिना नंबर प्लेट की गाड़ी – Cart without number plate

भारत में केवल एक ही व्यक्ति बिना नंबर प्लेट की गाड़ी का इस्तेमाल कर सकता है। राष्ट्रपति, जी हाँ राष्ट्रपति की गाड़ी में कोई नंबर प्लेट नहीं होती है। उनकी गाड़ी में नंबर प्लेट की जगह राष्ट्रीय चिन्ह (National Emblem) चार मुँह वाला शेर लगा होता है।

सफ़ेद रंग की नंबर प्लेट – White color number plate

सफ़ेद रंग की नंबर प्लेट पर काले रंग के नंबर लिखे होते है। इसका मतलब होता है। यह एक निजी गाड़ी है। यह नंबर प्लेट सबसे अधिक होती है। हम अपने आस पास ज़्यादातर सफ़ेद नंबर प्लेट की ही गाड़ियां देखते है। इसके अंदर कार, दोपहिया (सायकिल को छोड़कर) वाहन आते है।

White color number plate

पीले रंग की नंबर प्लेट – Yellow number plate

अगर पीले रंग की नंबर प्लेट पर काले रंग से नंबर लिखें गए है तो इसका मतलब है की वह एक वाणिज्यिक (commercial) गाड़ी है। इनका इस्तेमाल केवल वाणिज्य के लिए ही किया जा सकता है। इसके अंदर टैक्सी, बस, ट्रक आदि आते है।

पीले रंग की नंबर प्लेट - Yellow number plate

काले रंग की नंबर प्लेट – Black number plate

काले रंग की नंबर प्लेट दो तरह के वाहनों में होती है। चलिए जानते है वो कौन कौन सी है।

  • जब काले रंग की नंबर प्लेट पर पीले रंग से नंबर लिखें जाते है। तो वह भी एक वाणिज्यिक (commercial) गाड़ी होती है। लेकिन उसे किराये पर दिया जाता है। जैसे कोई कंपनी अपनी गाड़ी ग्राहकों को किराये पर देती है। तो उस गाड़ी पर काले रंग की नंबर प्लेट पर पीले नंबर लिखे होते है। इसमें Self Driving Cars भी शामिल है।
काले रंग की नंबर प्लेट - Black number plate
  • काले रंग की नंबर प्लेट पर सफ़ेद रंग से नंबर लिखे जाते है। इस तरह की नंबर प्लेट सेना के वाहनों में Use किया जाता है। इनमे शुरू में एक तीर ऊपर की तरफ मुँह करके लगाया जाता है। उसके बाद दो अंक ख़रीदे गए साल को दिखाते है और अंत में लिखा अक्षर गाड़ी के वर्ग को दर्शाता है।

हरे रंग की नंबर प्लेट – Green number plate

आजकल एक नयी नंबर प्लेट भी शुरू हो चुकी है। क्योंकि एक नईं तरह की गाड़ी भी मार्किट में आनी शुरू हो चुकी है। हम बात कर रहे है बिजली से चलने वाली गाड़ी की (Electric Vehicle)। बिजली वाली गाड़ियों के लिए हरे रंग की नंबर प्लेट की शुरुआत की गयी है। यह दो तरह की होती है –

  • अपने निजी इस्तेमाल के लिए अगर कोई बिजली से चलने वाली गाड़ी खरीदता है तो उसे हरे रंग की नंबर प्लेट पर सफ़ेद रंग से नंबर लिख कर दिए जाते है। मतलब निजी इलेक्ट्रिक व्हीकल (Personal Electric Vehicle) के लिए यह नंबर प्लेट दी जाती है।
हरे रंग की नंबर प्लेट - Green number plate
  • ऐसे ही वाणिज्यिक वाहनों (बिजली से चलने वाले ) के लिए हरी नंबर प्लेट पर पीले रंग से नंबर लिखे जाते है। इस तरह हरी नंबर प्लेट दो तरह की होती है। (Commercial Electric Vehicle)
हरे रंग की नंबर प्लेट - Green number plate

नीले रंग की नंबर प्लेट – Blue number plate

विदेशों से सम्बंधित कामों के लिए जो गाड़ियां इस्तेमाल की जाती है जैसे दूतावास, वाणिज्य दूतावास या संयुक्त राष्ट्र उनके लिए हल्के नीले रंग की नंबर प्लेट पर सफ़ेद रंग से नंबर लिखे जाते है।

नीले रंग की नंबर प्लेट - Blue number plate

अस्थायी नंबर प्लेट – Temporary Number Plate

भारत में वाहनों की अस्थायी नंबर प्लेट दो तरह की होती है। एक लाल रंग की और एक पीले रंग की। आइये एक एक करके उनके बारे में जानते है।

लाल रंग की नंबर प्लेट – Red number plate

लाल रंग की नंबर प्लेट पर सफ़ेद रंग से नंबर लिखें जाते है। यह नंबर प्लेट उन वाहनों पर लगायी जाती है। जिसे अभी तक बेचा नहीं गया है। वाहन बनाने वाली कंपनी इस नंबर प्लेट को लगाकर ही वाहनो को अपने शोरूम में रखती है। जिस गाड़ी को Test Drive के लिए रखा जाता है। उस पर भी यही नंबर प्लेट लगायी जाती है।

लाल रंग की नंबर प्लेट

पीले रंग की नंबर प्लेट – Yellow number plate

जिस भी गाड़ी को अभी तक एक स्थायी नंबर नहीं मिला है। वह एक पीली नंबर प्लेट पर लाल रंग से लिखे नंबर का इस्तेमाल करते है। इसका मतलब यह वाहन अभी एक स्थायी नंबर की प्रतीक्षा में है।

पीले रंग की नंबर प्लेट

नंबर प्लेट में छिपी जानकारी – Information hidden in number plate

एक वाहन के नंबर प्लेट में कई तरह की जानकारी छिपी होती है। जैसे राज्य का नाम, जिले का नंबर आदि। इसकी मदद से किसी भी वाहन की शुरूआती जानकारी आसानी से ली जा सकती है। तो आइये इन्हे समझते है।

  • गाड़ी की नंबर प्लेट में शुरू में 2 अक्षर दिए होते है। जैसे – DL, HR ये दो अक्षर उस राज्य को दर्शाते है जिस राज्य में गाड़ी का पंजीकरण किया गया है।

  • उसके आगे दो अंक दिए जाते है। यह अंक जिले को दर्शाते है।

  • इसके आगे एक, दो, या तीन अंक लिखे होते है। कंही कंही कोई भी अंक नहीं लिखा होता है। यह RTO को दर्शाता है।

  • और अंत में जो चार अंक दिए जाते है वो गाड़ी के नंबर होते है। जिन्हे 1 से 9999 की संख्या में रखा जाता है।
राज्यकोडराज्यकोड
Andaman and Nicobar IslandsANLakshadweepLD
Andhra PradeshAPMadhya PradeshMP
Arunachal PradeshARMaharashtraMH
AssamASManipurMN
BiharBRMeghalayaML
ChandigarhCHMizoramMZ
ChhattisgarhCGNagalandNL
Dadra and Nagar HaveliDDOdishaOD
Daman and DiuDDPuducherryPY
DelhiDLPunjabPB
GoaGARajasthanRJ
GujaratGJSikkimSK
HaryanaHRTamil NaduTN
Himachal PradeshHPTelanganaTS
Jammu and KashmirJKTripuraTR
JharkhandJHUttar PradeshUP
KarnatakaKAUttarakhandUK
KeralaKLWest BengalWB
LadakhLA  

नंबर प्लेट से जुडी अन्य जानकारी – Other information related to the number plate

  • भारत के कुछ राज्यों में ऐसा होता है की, जिले के नंबर में से शून्य (Zero) को हटा लिया जाता है। जैसे DL 04 को DL 4 बना दिया जाता है।

  • दिल्ली में वाहनों के नंबर प्लेट पर नंबर को कुछ विशेष रूप में लिखा जाता है। जैसे एक नंबर देखते है – DL 3S PP 1234 इसमें 3 के बाद S लिखा गया है। जो एक तरह का कोड होता है। जैसे S का मतलब है दुपहिया वाहन, R का मतलब तीन पहिये वाले वाहन। इसी तरह बाकि कोड नीचे दिए गए है।
  • दिल्ली में
कोडजानकारी
Sदुपहिया वाहन
Cकार
Eबिजली से चलने वाले
Pबस 
Rतीन पहिये वाले 
Tटूरिस्ट वाहन, टैक्सी आदि 
Vपिक अप ट्रक्स 
YHire Vehicle 
  • राजस्थान में
कोडजानकारी
Pपैसेंजर 
Cकार 
Sस्कूटर 
Gमाल ढ़ोने वाली गाड़ी
Aएम्बुलेंस 
Mदूध वाहन 
Pपुलिस वाहन 

निष्कर्ष

तो दोस्तों आज आपने जाना की गाड़ियों में अलग अलग रंग की नंबर प्लेट क्यों लगायी जाती हैं? और साथ में नंबर प्लेट से जुडी कुछ अन्य महत्वपूर्ण जानकारी भी आपको मिली। इसी तरह की और मजेदार और रोचक जानकारी के लिए पढ़ते रहिये।

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